घमौरियों के घरेलु उपाय | Prickly Heat Treatment

1

Home Remedies for Prickly Heat

गर्मी अपने साथ झुलसाने वाला सूरज और भयानक गर्म तापमान ले आती है और इसके परिणामस्वरूप पसीना और चेहरे पर छोटे-छोटे दाने आ जाते है जिसे हम घमौरी – Ghamori कहते हैं। कुछ लोगो के लिए एक दिन बाहर व्यतीत करना अप्रिय और असुविधाजनक होता है और दूसरो के लिए गर्मी का मौसम खूंखार होने का होता है।

चुभती-जलती गर्मी कोई गंभीर परिस्थिति नही है, लेकिन फिर भी इसका ध्यान रखना बहुत जरुरी है।

Prickly Heat

घमौरियों के घरेलु उपाय – Prickly Heat Treatment

गर्मी के दानो के सबसे आसान लक्षण जलन की उच्च डिग्री और खुजली, बड़े झालर और चेहरे पर आने वाले लाल धब्बे है। चुभती-जलती गर्मी का असर त्वचा की परत, छाती, गर्दन, चेहरे, पीठ, पेट, स्तनों के निचे, घुटनों के पीछे और बगल में दिखाई देता है।

चुभती-जलती गर्मी से बचने के बहुत से घरेलु उपाय है, जिन्हें आप आसानी से अपने घर में बना सकते हो। तेजी से परिणाम पाने के लिए एक समय में आप दो से तीन उपायों को भी अपना सकते हो।

जिसे हम चुभती-जलती गर्मी कहते है उसे घमौरियां के नाम से भी जाना जाता है, जो युवा और बच्चो में पसीने की वजह से होती है। चुभती-जलती गर्मी को कभी-कभी “पसीने से होने वाले दाने” के रूप में भी जाना जाता है और इसका नैदानिक नाम मिलिअरियारूब्रा है। चुभती-जलती गर्मी का से युवाओ की तुलना में बच्चो पर ज्यादा होता है, क्योकि उनके पसीने की ग्रंथियां विकसित अवस्था में होती है।

चुभती-जलती गर्मी असुविधाजनक और खुजलीदेह होती है। बहुत से मामलो में घमौरियां होने पर डॉक्टर के पास जाने की जरुरत नही होती। लेकिन इसके इलाज के विकल्प जरुर होते है और जिन्हें घमौरियां हुई है वे इन इलाजो को अपनाकर राहत पा सकते है।

घमौरियों के लक्षण – Ghamori Symptoms

चुभती-जलती गर्मी के लक्षण काफी सरल होते है। शरीर के कुछ भागो में जहाँ पसीना आता है वहाँ लाल दाने और खुजली होती है। गर्दन, कंधे और छाती पर ज्यादातर घमौरियां दिखाई पड़ती है। आपके शरीर पर जहाँ कपडे और पसीने का संपर्क होता है वहाँ भी घमौरियां हो सकती है। जलन वाली जगह पर तुरंत घमौरियां नही होती, इसका असर कुछ दिनों बाद आपको दिखाई देता है।

कभी-कभी घमौरियां छोटे छालो का रूप ले लेती है और त्वचा की परतो में पसीना छोड़ने लगती है। इसीलिए आपके शरीर पर जहाँ भी पसीने और कपडे का संपर्क होता है, उस जगह को हमेशा साफ़ रखने की कोशिश करे।

चने का आटा – chickpea flour:

चने के आटे में थोडा पानी डालकर एक गाढा पेस्ट तैयार करे। फिर इस मिश्रण को प्रभावित जगह पर लगाए और 15 मिनट तक लगा रहने दीजिये। बाद में कुछ समय बाद ठंडे पानी से साफ़ कर लीजिए।

बेकिंग सोडा – Baking soda:

बेकिंग सोडा में एंटी-बैक्टीरियल तत्व पाए जाते है, जो संक्रमण से बचाते है। ¼ कप बेकिंग सोडे को गर्म पानी में डाले। अब इस गर्म पानी में अपने शिशु को नहलाये। नहलाते समय साबुन का उपयोग ना करे।

कच्चे आलू – Potato:

कांटेदार सनसनी के लिए यह सबसे आसान उपायों में से एक है। मध्यम आकार के आलू को छोटे-छोटे टुकडो में काटे और फिर उन टुकडो को प्रभावित जगह पर लगाये।

आलू पोल्टिस बनाकर भी आप घमौरियो पर लगा सकते हो।

तरबूज – watermelon:

तरबूज में कैरोटीन और लायकोपिन पाया जाता है। यह मानव कोशिका और खून में पाए जाने वाले मुख्य कैरोटेनोइड्स है, इसी वजह से इनमे त्वचा गुण समायोजित होते है। इसका सेवन आप आहारीय उत्पाद या आहार की आपूर्ति के रूप में भी किया जाता है। अभ्यास से यह पता चला है की तरबूज चुभती-जलती गर्मी से हमारे शरीर को बचाता है।

आज ही तरबूज ख़रीदे, उसमे के बीज निकाले और इसका गुदा बनाये। इस गुदे को अपने दाग और घमौरियो पर लगाये, इससे आपको तुरंत राहत मिलेगी। साथ ही आप तरबूज के ज्यूस का भी सेवन कर सकते हो।

बर्फ के टुकड़े – Pieces of ice :

बर्फ के कुछ टुकडो को पानी में रखे। दो मिनट बाद प्रभावित त्वचा को उस ठंडे पानी से साफ़ करे। इसके अलावा आप बर्फ के टुकडो को भी प्रभावित त्वचा पर लगा सकते हो, इससे तुरंत चुभती-जलती गर्मी से रहत मिलेगी। घमौरियो से राहत मिलने के लिए समय-समय पर अपनी त्वचा को साफ़ करते रहे।

अदरक – Ginger:

अदरक का उपयोग इसमें पाए जाने वाले औषधीय तत्वों की वजह से किया जाता है। यह घमौरियो की वजह से होने वाले होने वाली चुभन एवं खुजली को कम करती है। इसमें पाए जाने वाले एंटी-इंफ्लेमेटरी तत्व घमौरियो से निजात दिलाने में भी सहायक है।

अदरक की जड़ो को पीसकर उसे पानी में उबाले। उबालने के बाद जब पानी ठंडा हो जाए तब अपनी त्वचा को उस पानी से साफ़ करे। साफ़ करते समत मुलायम कपडे या स्पंज का उपयोग करे।

पपीता – Papaya:

पारंपरिक रूप से पपीते का उपयोग त्वचा की समस्याओ को दूर करने के लिए किया जाता है। पका हुआ पपीता लेकर उसे मसल दे। इसके बाद उसके गुदे को प्रभावित त्वचा पर लगाये और 20-25 मिनट तक लगा रहने दीजिए। फिर साधे पानी से त्वचा को साफ़ कर लीजिये। इससे आपको जलन एवं खुजली नही होंगी और गर्मी से भी राहत मिलेगी।

शहद – Honey:

शहद एंटी-बैक्टीरियल तत्वों के लिए प्रसिद्ध है पर इसमें पाए जाने वाले एंटी-ऑक्सीडेंट शरीर को ठंडा रखने में सहायक है। प्राकृतिक शहद को आप सीधे अपनी त्वचा पर लगा सकते है। लगाने के बाद इसे 10 से 15 मिनट बाद साफ़ कर लीजिये।

शहद पर आधारित उत्पादों का उपयोग सूर्य प्रकाश से बचाने वाली क्रीम के रूप में भी किया जाता है।

 

खीरा – Cucumber:

खीरे में एंटी ऑक्सीडेंट पाए जाते है। जलती हुई घमौरियो से छुटकारा पाने के लिए खीरे के टुकडो को अपनी त्वचा पर लगाये। साथ ही खीरे को पीसकर, इसके गुदे को भी आप अपनी त्वचा पर लगा सकते हो। लगाने के बाद 30 मिनट तक इसे सूखने दीजिये और फिर साफ़ कर लीजिये।

शिशुओ में चुभते-जलते दाने :

छोटे शिशुओ में घमौरियो की समस्या सर्वाधिक होती है। क्योकि उनमे पसीने की ग्रंथियाँ पुर्णतः विकसित नही होती और उनका शरीर भी तेजी से बदलते तापमान को सहन नही कर पाता। इसीलिए नवजात शिशुओ में घमौरियो की समस्या सर्वाधिक पायी जाती है। शिशु के चेहरे और गर्दन के आस-पास ज्यादातर लाल दाने दिखाई देते है।

यदि अपने शिशु के शरीर पर आपको घमौरियां या लाल दाने दिखाई देते है। क्या वो ज्यादा परतो वाले कपडे पहन रहे है? क्या उनके कपडे तापमान के अनुकूल है? क्या आपका शिशु आरामदायक अवस्था में है और क्या आपका शिशु समय-समय तक मलत्याग कर रहा है? इसीलिए नवजात शिशुओ को नहलाना बहुत जरुरी है।

हमेशा अपने शिशु की त्वचा को सुखा रखे और तेल युक्त पदार्थो का उपयोग आवश्यकता के ज्यादा ना करे।

Read More:

  1. महिलाओं के अच्छे स्वास्थ्य के लिये कुछ टिप्स
  2. स्वस्थ जीवन के लिये कुछ टिप्स
  3. बच्चो को स्वस्थ रखने के कुछ उपाय
  4. Health Tips For Summer

अगर आपको हमारा घमौरियों के घरेलु उपाय – Prickly Heat Treatment लेख अच्छा लगा तो जरुर हमें कमेन्ट के माध्यम से बताएं. और facebook पर लाइक करके हमसे जुड़ें. धन्यवाद

1 Comment
  1. Mayur says

    बहुत बढ़िया जानकारी, गर्मी के दिनों में घमौरियां सबसे पड़ी परेशानी होती हैं, खासकर बच्चो के लिए आपने यह जानकारी देकर सबको राहत दे दी.

Leave A Reply

Your email address will not be published.